May 27, 2026
Film

Ranveer Singh पर FWICE ने लगाया बैन

फरहान अख्तर की फिल्म डॉन थ्री से बाहर हो जाने की सजा बतौर सुनाया फैसला

फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (एफडब्ल्यूआईसीई) ने रणवीर सिंह पर पर बैन लगा दिया है और वजह बताई गई है कि उनके अचानक फिल्म छोड़ने की वजह से फरहान अख्तर को 45 करोड़ का नुकसान हो गया। दरअसल फरहान ने डॉन 3 के लिए रणवीर को लिया था और दोनों के बीच तनातनी के बाद फिल्म की सारी तैयारियां रुक गईं क्योकि रणवीर ने फिल्म में काम करने से मना कर दिया। इसके बाद करण जौहर सहित कई लोगों ने दोनों के बीच सुलह समझौते की कोशिश कीं लेकिन फरहान की मांग हर बार बढ़ती गई और आखिर रणवीर ने वही रुख अपना लिया कि जो करना हो कर लो। अंदरुनी खबर तो यह भी है कि रणवीर 45 करोड़ देने को भी तैयार थे लेकिन फरहान इस बात पर अड़े थे कि रणवीर माफी भी मांगें। आखिर फरहान फेडरेशन के पास पहुंचे और रणवीर को सजा सुनाई गई कि वो अब फिल्मों में काम नहीं कर सकेंगे क्योंकि यह फेडरेशन काफी बड़ी है और इसके सदस्यों के बिना बॉलीवुड में काम करना बेहद मुश्किल है। सवाल यह है कि फेडरेशन का जोर रणवीर पर कैसे चला जबकि हकीकत यह है कि जितने दूसरे ‘खानदान’से आने वाले स्टार्स हैं वे निर्माता- निर्देशक को भले डुबा दें लेकिन उन पर कार्रवाई नहीं होती। इसी मामले में सोचिए कि यदि स्टार मान रहा है कि वह फलां के साथ काम कर सकता है तो कांट्रैक्ट साइन कर लेता है और फिर उसे लगता है कि काम संभव नहीं होगा तो वह कांट्रैक्ट से बाहर आने की कोशिश करता है। अब यदि कांट्रैक्ट के दबाव में रणवीर या ऐसा कोई भी सितारा बेमन से काम करेगा तो स्वाभाविक तौर पर फिल्म में यह साफ नजर आएगा जो निर्माता या निर्देशक के लिए ज्यादा नुकसान का सौदा होगा। जहां तक फरहान के पैसे खर्च हो जाने का सवाल है तो इस मामले में रणवीर पैसे भरने को हमेशा से तैयार थे लेकिन फरहान जिस अंदाज में पैसे लेकर भी उन्हें नीचा दिखाना चाहते थे उसके लिए रणवीर तैयार नहीं हुए। वैसे ऐसा भी नहीं है कि फेडरेशन का फैसला अंतिम ही है और इससे रणवीर के लिए भारी मुसीबत आ जाएगी क्योंकि इतने धुरंधर स्टार को काम न देने का असर बॉलीवुड और खुद फेडरेशन पर पड़ना तय है। यूं भी मध्यस्थता के साथ पैसे देकर रणवीर मामला सुलटा ही देंगे और यदि फरहान से बात ज्यादा ही बिगड़ गई हो तो फेडरेशन के फैसले के खिलाफ अदालत जाने का रास्ता भी उनके लिए खुला ही है। फरहान को समझना चाहिए कि रणवीर यदि चाहते तो फिल्म से बाहर होने की बात सार्वजनिक न कह कर उन्हें लटकाए रख सकते थे और नुकसान 45 करोड़ से कहीं ज्यादा का कर सकते थे लेकिन उन्होंने ऐसा न कर साफ बता दिया और इसे तो अच्छा माना जाना चाहिए था कि फिल्म डिले, नखरे और बेदम एक्टिंग की संभावना खत्म करते हुए उन्होंने फरहान को नया अभिनेता चुन लेने की राह दे दी। बाकी अपनी जगह है बस मुख्य सवाल यही उठता है कि कुछ परिवारों और खानदानों की हरकतें फेडरेशन को नजर क्यों नहीं आतीं और ‘बाहरी’ अभिनेताओं वगैरह पर फैडरेशन का हंटर इतना मारक तरीके से क्यों पड़ता है।