Congress ने द्रमुक से तोड़ा नाता, विजय को समर्थन की घोषणा
इंडी गठबंधन में साथ रहेंगे लेकिन तमिलनाडु में गठबंधन खत्म करने की घोषणा की कांग्रेस ने
जिस तरह से विधानसभा चुनाव के नतीजों में खेला पश्चिम बंगाल में हुआ है कमोबेश वैसा ही तमिलनाडु में भी हुआ है, बस फर्क इतना है कि वहां जोसेफ विजय की टीवीके ने भाजपा की तरह बड़ी जीत हासिल की है और डीएमके के साथ अन्नाद्रमुक की भी उम्मीदें खत्म कर दीं। इणर चुनावी नतीजे पूरे आए भी नहीं थे कि कांग्रेस ने डीएमके को बड़ा झटका देते हुए विजय के साथ जाने के संकेत देने शुरु कर दिए थे और अब कांग्रेस ने विजय की पार्टी तमिलगा वेत्री कझगम (टीवीके) को समर्थन देने का एलान कर दिया है। कांग्रेस न सिर्फ डीएमके की सहयोगी रही है बल्कि इस चुनाव में भी उसने बाकायदा गठबंधन में चुनाव लड़ा था लेकिन जैसे ही नतीजे द्रमुक के खिलाफ गए कांग्रेस ने कुछ घंटों का भी समय द्रमुक को नहीं दिया और उससे किनारा कर अपने पांच विधायकों का साथ विजय के लिए जोड़ दिया। जब द्रमुक ने कांग्रेस को याद दिलाया कि आप तो हमारे साथ गठबंधन में थे तो कांग्रेस ने डीएमके के साथ गठबंधन खत्म करने की घोषणा कर डाली। कांग्रेस को टीवीके की जीत से विजय पर इतना भरोसा हो गया है कि आने वाले चुनावों के लिए भी वह टीवीके के साथ ही जाने की बात कह रही है। अब मजेदार तथ्य यह भी है कि कांग्रेस डीएमके के साथ इंडी गठबंधन में बनी रहेगी। कांग्रेस के इस तरह के व्यवहार को लेकर द्रमुक ने कहा कि यह पीठ में छुरा घोंपने जैसा काम है और धोखा देने की कांग्रेस की पुरानी आदत फिर सामने आ गई है। भाजपा ने इस तारतम्य में कांग्रेस के साथ साथ पूरे इंडी गठबंधन पर तंज कसा है और कहा है कि इंडी ब्लॉक ताश के पत्तों की तरह बिखरता हुआ गठबंधन है। वहीं सोशल मीडिया पर यह भी कहा जा रहा है कि विजय के साथ कांग्रेस का मेल इसलिए इतना आसानी से हो गया क्योंकि उन्होंने भी विजय जुलूस में जीसस की तस्वीर लहरा कर इरादे जाहिर कर दिए।
