Kejriwal Gang पर भारी पउ़ सकती है अदालत की अवमानना
शराब नीति को लेकर मुकदमे में जस्टिस शर्मा से हटने की मांग करते हुए जो टिप्पणियां की गईं उन पर जारी हुए नोटिस
केजरीवाल और उनकी पार्टी के कुछ बड़े सदस्यों के लिए दिल्ली हाई कोर्ट की आपराधिक अवमानना वाला मामला अब मुश्किल खड़ी कर सकता है। आम आदमी पार्टी के मुखिया अरविंद केजरीवाल ही नहीं उनके साथ मनीष सिसोदिया, संजय सिंह सहित कुछ अन्य नेताओं को नोटिस मिल गए हैं कि उन्होंने शराब नीति मामले में न्यायमूर्ति पर सोशल मीडिया वगैरह पर जो कुछ प्रसारित किया वह अदालत की अवमानना की श्रेणी में है और इस पर इन्हें जवाब देना होगा। आरोप है कि शराब नीति मामले की सुनवाई में न्यायमूर्ति शर्मा की अदालत से रिक्यूजल याचिका खारिज होने पर इन नेताओं ने अदालत का बहिष्कार किया और उनके खिलाफ अपमानजनक और मानहानिकारक टिप्पणियां कीं। आरोपियों को जवाब दाखिल करने के लिए चार सप्ताह का समय मिला है। इन नेताओं पर आरोप है कि इन्होंने न्यायाधीश की निष्पक्षता पर सवाल उठाए और अपमानजनक भाषा का प्रयोग किया। न्यायमूर्ति स्वर्णकांता शर्मा ने कहा था कि वे ऐसी अपमानजनक, मानहानिकारक और घृणित टिप्पणियों पर चुप नहीं रह सकती हैं।
