Election Commission के पास पहुंची टीएमसी नाम और चिन्ह की लड़ाई
ममता से फूल पत्ती भी छिन जाएंगी?
तृणमूल कांग्रेस के चुनाव चिन्ह को लेकर अब चुनाव आयोग के पाले में गेंद पहुंच गई है, यहां टीएमसी नाम और चुनाव चिह्न फूल और पत्ती पर ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले गुट ने दावा ठोंक दिया है। ऋतब्रत गुट और ममता बनर्जी चुनाव आयोग के सामने अपने अपने पक्ष की दलीलें रख रहे हैं, दस्तावेज और दलीलों के साथ 12 सितंबर को भी दोनों गुट पहुंचे थे और तब दोनों ही पक्षों से कुछ और दस्तावेज मांगे गए थे। ऋतब्रत अपने पक्ष की बात रखेंगे जबकि ममता की तरफ से कल्याण बनर्जी दलीलें देंगे। विधानसभा चुनाव में भाजपा से बुरी तरह हारने के बाद टीएमसी के 80 में से 60 विधायक ममता बनर्जी से अलग हो कर ऋतब्रत के साथ चले गए थे। अब दोनों पक्षों ने चुनाव आयोग से मान्यता, चिन्ह और टीएमसी नाम पर निर्णय लेने को कहा है। यह फैसला नंदीग्राम और रेजीनगर विधानसभा सीटों पर उपचुनाव के लिए भी महत्वपूर्ण होगा और राष्ट्रीय स्तर पर भी इसका असर होना तय है। हालांकि यह भी संभावना है कि ज्यादा मुश्किल निर्णय होने पर चुनाव चिन्ह को फ्रीज कर दिया जाए और दोनों ही पक्षों को इनके उपयोग से रोक दिया जाए।
