Trump की जिद के चलते फिर रुका अमेरिका, शटडाउन
ट्रंप की नीतियों पर डेमोक्रेट्स का विरोध होने से नहीं पास हुआ कांग्रेस से बजट
अमेरिका में फिर संघीय सरकार शटडाउन मोड में चली गई है। बजट पर सहमति न बनने और ट्रंप की नीतियों पर टकराव के चलते प्रशासन को ठप कर दिया है। लाखों सरकारी कर्मचारी वेतन बिना काम कर रहे हैं या छुट्टी पर चले गए हैं। शटडाउन की जड़ में ट्रंप की नीतियां बताई जा रही हैं। राष्ट्रपति ने बजट में सीमा सुरक्षा और अवैध आप्रवासियों पर नियंत्रण के लिए भारी धनराशि डिमांड की थी। डेमोक्रेट्स ने इससे इंकार करते हुए कहा है कि ट्रंप की प्राथमिकताएं शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक कल्याण जैसे जरूरी क्षेत्रों के बजाए विवादास्पद मुद्दों पर ज्यादा हैं। कांग्रेस में बजट पारित न हो पाने के चलते सरकारी मशीनरी फिर ठप हो गई है जिसे शटडाउन कहा जाता है। इससे पहले भी ट्रंप के नेतृत्व में गड़बड़ियों के चलते ऐसी नौबत आ चुकी है। शटडाउन का असर आम नागरिकों तक पर हो रहा है। राष्ट्रीय महत्व के कामों से लेकर वीजा और पासपोर्ट सेवाएं तक प्रभावित हो रही हैं, और कई विभाग ठप हो गए हैं। सुरक्षा कर्मियों से लेकर वैज्ञानिकों तक कर्मचारियों के पास दो ही विकल्प बचे हैं कि या तो वे बिना वेतन के काम करें या छुट्टी लेकर घर बैठें। अगर यह स्थिति लंबी चली तो अमेरिकी अर्थव्यवस्था पर गंभीर असर पड़ेगा। विपक्ष का कहना है कि राष्ट्रपति समझौते के बजाय टकराव को प्राथमिकता देते हैं और ऐसे मुद्दों पर ध्यान देते हैं जो देश के लिए प्राथमिकता नहीं हैं। डेमोक्रेट्स का कहना है कि ट्रंप राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं को देशहित से ऊपर रखते हैं। अमेरिका में शटडाउन अब एक राजनीतिक हथियार बन चुका है, लेकिन इस बार इसका असर कहीं ज्यादा पड़ना तय है।
