Indigo की शर्तें सरकार ने मानीं, फरवरी तक ठीक होंगी उड़ानें
इंडिगो की शर्तें सरकार ने मान लीं, उड़ानें अब भी बुरी तरह प्रभावित
देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो का संचालन पिछले तीन दिनों में जिस तरह बिगड़ा है उसके अगले चार दिन तक तो ठीक होने की उम्मीद खुद इंडिगो को भी नहीं है, इसके प्रबंधन ने सरकार से कहा है कि पूरी तरह व्यवस्थाएं बहाल होने में फरवरी के दूससे हफ्ते तक का समय लग सकता है इसलिए उसे नियमों में कुछ समय के लिए राहत और फरवरी तक की मोहलत दी जाए. सरकार ने ये मांगें मानते हुए इंडिगो को उस समय तक की छूट दे दी है जितनी उसने मांगी थी.पिछले चार दिनों से लगातार उड़ानें रद्द होने और देरी से उड़ान भरने की घटनाओं ने यात्रियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं. एयरलाइन ने अब आधिकारिक तौर पर स्वीकार किया है कि अगले दो से तीन दिन तक हालात में कोई सुधार नहीं होगा, जबकि पूरी तरह स्थिर संचालन बहाल करने के लिए उसने फरवरी के दूसरे सप्ताह तक की मोहलत मांगी है. इंडिगो ने माना है कि उसकी योजना में गंभीर चूक हुई है और नए फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन (एफडीआईएल) नियमों के दूसरे चरण ने उसकी पूरी व्यवस्थाएं बिगाड़ दी हैं. एयरलाइन का कहना है कि नए नियमों के हिसाब से जितने क्रू की जरूरत थी, उसका सही अनुमान नहीं लगाया जा सका. इसके साथ ही ठंड, धुंध, तकनीकी अड़चनें और विंटर शेड्यूल की बढ़ती मांग ने स्थिति को और खराब कर दिया. वहीं सरकार ने उसे मांगी गई छूट कुछ शर्तों के साथ दे दी है और रवरी तक सब कुछ ठीक कर लेने को कहा है.
उड़ानें रद्द होने का सिलसिला जारी
शुक्रवार सुबह तक ही इंडिगो की 400 से ज्यादा उड़ानें रद्द हो चुकी थीं. जबकि गुरुवार को 550 फ्लाइट्स रद्द हुई थीं.
– दिल्ली एयरपोर्ट पर 220 से अधिक उड़ानें रद्द
– बेंगलुरु में 100 से ज्यादा उड़ानें प्रभावित
– हैदराबाद में 90 से अधिक उड़ानें रद्द
– मुंबई, कोलकाता, चेन्नई, गोवा, जयपुर और इंदौर में भी भारी अव्यवस्था
कई एयरपोर्ट्स पर यात्रियों की लंबी कतारें लगीं और लोगों में अव्यवस्था पर नाराजगी भी देखने को मिली.
इंडिगो ने मांगी नियमों में छूट
एयरलाइन ने सरकार और डीजीसीए से 10 फरवरी तक नियमों में छूट देने की मांग की है. इंडिगो का कहना है कि पायलटों की नाइट ड्यूटी के नियमों में अस्थायी राहत दी जानी चाहिए. रात में दो बार लैंडिंग की सीमा को कुछ समय के लिए हटाया जाना चाहिए और क्रू आराम समय से जुड़े नियमों में लचीलापन दिया जाए. डीजीसीए ने पुष्टि की है कि एयरलाइन ने औपचारिक रूप से यह मांग रखी है और सुरक्षा व सुविधा को ध्यान में रखते हुए इस पर विचार किया जा रहा है. इस बीच नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने गुरुवार रात डीजीसीए, एयरपोर्ट अथॉरिटीज और इंडिगो के शीर्ष अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की. सरकार ने एयरलाइन को स्पष्ट संदेश दिया है कि यात्रियों की परेशानी कम करने के लिए तुरंत कदम उठाए जाएं और क्रू की भर्ती और शेड्यूलिंग में सुधार किया जाए. एयरलाइन से यह भी कहा गया है कि हर दो सप्ताह में रिपोर्ट दी जाए जबकि इंडिगो ने साफ कहा है कि अगले 2–3 दिन तक उड़ानों में कटौती जारी रहेगी, इसलिए यात्रियों को फ्लाइट स्टेटस चेक करके ही एयरपोर्ट पहुंचना चाहिए.
