Parliament में आज एक किताब के बदले अनेक किताबों वाला सीन
राहुल गांधी ने नरवणे की किताब वाली जिद आज दोहराई तो निशिकांत दुबे ने लगाई किताबों की झड़ी
कल से ही राहुल गांधी उस किताब का बार बार जिक्र संसद में कर रहे हैं जिसमें कथित तौर पर चीन के चढ़ते चले आने और रक्षामंत्री या पीएमओ से कोई निर्णय न देने का जिक्र है, सत्तापक्ष ने बार बार कहा कि जो किताब आई ही नहीं है उसका रेफरेंस देना गलत प्रथा होगी लेकिन जब फिर यही कोशिश हुई तो आज सांसद निशिकांत दुबे ने मोर्चा संभाला और एक के बाद एक कई किताबों का जिक्र संसद में कर डाला। दुबे ने कहा कि किताबों की ही बात करनी है तो आइये मैं भी कुछ किताबों का जिक्र कर देता हूं जिनमें इस परिवार के किस्से दबे हुए हैं। इस क्रम में उन्होंने सबसे पहले ‘एडविना एंड नेहरु’का जिक्र किया जिसमें नेहरु और एडविना माउंटबेटन को लेकर कई किस्से हैं। इसके बाद जिक्र आया एमओ मथाई की लिखी उस किताब का जिसमें उन्होंने इंदिरा गांधी और अपने संबंधों को लेकर कई हिस्सों में बातें लिखी हैं और विस्तार से लिखी हैं। बात यहां न रुकनी थी और न रुकी, उन्होंने सोनिया को लेकर लिखी गई किताब ‘द रेड साड़ी’ का भी जिक्र किया और मनमोहन का जिक्र करने वाली संजय बारू की किताब ‘द एक्सीडेंटल प्राइम मिनिस्टर’ को भी सामने रख दिया। वैसे आज राहुल गांधी ने नरवणे की उस किताब को भी लहराते हुए कहा कि जिस किताब के बारे में सरकार कह रही है कि वह छपी ही नहीं है वह मेरे हाथ में है और यदि मोदी आज आए तो मैं उन्हें ये भेंट भी कर दूंगा।
